कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार के मंत्रिमंडल में 3 अगस्त को शामिल किए गए नए मंत्रियों को आखिरकार विभागों की जिम्मेदारी सौंप दी गई है। मंत्रिमंडल विस्तार के बाद कांग्रेस के भीतर उठे असंतोष को देखते हुए हाईकमान ने विचार-विमर्श के बाद मंत्रियों के विभाग तय किए हैं।
कर्नाटक विधानसभा का मानसून सत्र 13 से 27 अगस्त तक चलेगा। सत्र शुरू होने से पहले नए मंत्रियों को विभाग आवंटित नहीं किए जाने को लेकर विपक्ष ने सरकार पर निशाना साधा था। अब सत्र शुरू होने से ठीक एक दिन पहले विभागों का बंटवारा कर दिया गया है।
नए मंत्रियों को मिले विभाग
- एन. चेलुवरायस्वामी — कृषि विभाग
- रिजवान अरशद — खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग
- के.एच. मुनियप्पा — समाज कल्याण विभाग
- संतोष लाड — श्रम विभाग
- के.एस. बसवन्तप्पा — मत्स्य पालन, बंदरगाह एवं अंतर्देशीय जल परिवहन विभाग
- मधु बंगारप्पा — स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग
- बसवराज रायरेड्डी — उच्च शिक्षा विभाग
- जमीर अहमद खान — आवास विभाग
- लक्ष्मण सावदी — सहकारिता विभाग
- डॉ. अजय सिंह — वन विभाग
- एस.एस. मल्लिकार्जुन — खान एवं भूविज्ञान विभाग
- एच.सी. बालकृष्ण — लघु सिंचाई विभाग
- पुट्टरंगा शेट्टी — पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग
मुनियप्पा के विभाग में बड़ा बदलाव
मंत्री के.एच. मुनियप्पा के विभाग में भी बदलाव किया गया है। इससे पहले उन्हें खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग सौंपा गया था। अब यह विभाग रिजवान अरशद को दिया गया है, जबकि मुनियप्पा को समाज कल्याण विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
वहीं, लक्ष्मण सावदी को सहकारिता विभाग दिया जाना भी नए विभागीय बंटवारे की अहम बात मानी जा रही है। विभागों के बंटवारे के साथ ही अब नए मंत्री आगामी मानसून सत्र में अपने-अपने विभागों से जुड़े मुद्दों पर सरकार का पक्ष रख सकेंगे।

