सड़क जाम, धरना और टोल प्लाजा के कामकाज में रुकावट डालने पर होगी कानूनी कार्रवाई – जिलाधिकारी का आदेश
बेलगावी, 30 अक्टूबर: गन्ना किसानों की विभिन्न मांगों को लेकर जारी आंदोलन के बीच बेलगावी जिला प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। जिले से गुजरने वाले नेशनल हाईवे पर सड़क जाम करने, धरना देने और टोल प्लाजा के कामकाज में रुकावट डालने पर पाबंदी लगा दी गई है। इस संबंध में जिला कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट मोहम्मद रोशन ने 30 अक्टूबर को आदेश जारी किया है।
दरअसल, 31 अक्टूबर को हत्तरगी टोल प्लाजा के पास किसानों की ओर से नेशनल हाईवे बंद कर बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन और धरना देने की तैयारी की जा रही है। इसी को देखते हुए जिला प्रशासन ने कानून-व्यवस्था और आम जनता की आवाजाही को ध्यान में रखते हुए एहतियाती कदम उठाया है।
जिलाधिकारी के आदेश के मुताबिक, बेलगावी जिले से गुजरने वाला नेशनल हाईवे-48 महाराष्ट्र और कर्नाटक को जोड़ने वाला एक अहम मार्ग है। इस हाईवे से रोजाना हजारों यात्री, मालवाहक वाहन और जरूरी सेवाओं से जुड़े वाहन गुजरते हैं। ऐसे में सड़क जाम होने से आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
दो दिनों में 1.80 करोड़ रुपये का टोल राजस्व नुकसान
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) की रिपोर्ट के मुताबिक, किसानों के विरोध प्रदर्शन के कारण बंकापुर, हिरेबागेवाड़ी, हत्तरगी और कोगनोली टोल प्लाजा पर महज दो दिनों में करीब 1.80 करोड़ रुपये के टोल राजस्व का नुकसान हुआ है। इसके अलावा हाईवे पर यातायात और टोल वसूली के कामकाज पर भी असर पड़ा है।
किन गतिविधियों पर लगाई गई पाबंदी?
जिलाधिकारी के आदेश के अनुसार, बेलगावी जिले की सीमा में आने वाले नेशनल हाईवे-48 समेत सभी राष्ट्रीय राजमार्गों पर किसी भी व्यक्ति, संगठन या समूह को सड़क जाम करने की अनुमति नहीं होगी।
हिरेबागेवाड़ी, हत्तरगी और कोगनोली समेत सभी टोल प्लाजा के प्रवेश और निकास मार्ग बंद करना, टोल वसूली में रुकावट डालना और टोल कर्मचारियों को उनके काम से रोकना प्रतिबंधित रहेगा।
इसके अलावा ट्रैक्टर, लॉरी, क्रूजर और कार जैसे वाहनों को हाईवे पर इकट्ठा करके खड़ा करना, सड़क पर धरना देना, जुलूस निकालना और यातायात बाधित करना भी प्रतिबंधित किया गया है।
आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड, पुलिस वाहनों और अन्य इमरजेंसी सेवाओं की आवाजाही में किसी तरह की रुकावट नहीं होनी चाहिए। स्कूल-कॉलेज जाने वाले विद्यार्थियों, बुजुर्गों, मरीजों और आम नागरिकों की आवाजाही भी प्रभावित नहीं होनी चाहिए।
पुलिस विभाग को सख्त निर्देश
आदेश को सख्ती से लागू करने की जिम्मेदारी बेलगावी जिला पुलिस अधीक्षक और बेलगावी शहर के पुलिस आयुक्त को सौंपी गई है। नेशनल हाईवे, टोल प्लाजा, प्रमुख जंक्शनों और संपर्क मार्गों पर पर्याप्त पुलिस बंदोबस्त तथा ट्रैफिक नियंत्रण व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं।
जिलाधिकारी ने चेतावनी दी है कि आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यक्तियों और संगठनों के खिलाफ भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 163 और अन्य लागू कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
यह आदेश 30 अक्टूबर 2026 को जारी किया गया है, जो तत्काल प्रभाव से अगले आदेश तक लागू रहेगा।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसानों के शांतिपूर्ण और कानूनी तरीके से अपनी मांगें रखने के अधिकार पर रोक लगाना इस आदेश का मकसद नहीं है। बल्कि नेशनल हाईवे पर यातायात सुचारू रखने, इमरजेंसी सेवाओं को बाधारहित बनाए रखने और कानून-व्यवस्था कायम रखने के लिए यह कदम उठाया गया है।

