बेलगावी में 22 जून को आयोजित होने वाले महाराष्ट्र एकीकरण समिति (MES) के महामोर्चा को किसी भी सूरत में अनुमति न दी जाए, इस मांग को लेकर कर्नाटक रक्षणा वेदिके (टी.ए. नारायणगौड़ा गुट) के कार्यकर्ताओं ने आज जिला अधिकारी कार्यालय के सामने जोरदार प्रदर्शन किया।
करवे के नेता दीपक गुडगनट्टी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि महाराष्ट्र एकीकरण युवा समिति विभिन्न स्थानों पर बैठकें आयोजित कर मराठी भाषी लोगों को गुमराह करने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि 22 जून को प्रस्तावित MES महामोर्चा का करवे विरोध करता है और जिला प्रशासन को इसकी अनुमति नहीं देनी चाहिए।
दीपक गुडगनट्टी ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि रैली को अनुमति दी गई तो बेलगावी की कानून-व्यवस्था प्रभावित हो सकती है। उन्होंने शुभम शेळके को राज्य से तड़ीपार करने तथा महाराष्ट्र एकीकरण समिति और शिवसेना पर प्रतिबंध लगाने की भी मांग की।
उन्होंने आरोप लगाया कि जिला प्रशासन ने MES प्रतिनिधियों को उनकी समस्याओं के समाधान के लिए बातचीत का प्रस्ताव दिया था, लेकिन समिति ने उसे स्वीकार नहीं किया और रैली निकालने पर अड़ी हुई है। इसलिए इस रैली को किसी भी हाल में मंजूरी नहीं दी जानी चाहिए।
इस दौरान ज्ञापन स्वीकार करते हुए जिलाधिकारी मोहम्मद रोशन ने कहा कि प्रशासन पहले ही MES के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा कर चुका है। उन्हें अपनी मांगें शांतिपूर्ण तरीके से रखने के लिए कहा गया है और उन्होंने इस पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है। प्रशासन ने यह भी निर्देश दिए हैं कि आम जनता और यातायात को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि दोनों संगठनों की संयुक्त बैठक अभी तक नहीं हुई है, लेकिन जल्द ही दोनों भाषा समुदायों के प्रतिनिधियों की बैठक बुलाई जाएगी ताकि शांति और सौहार्द बनाए रखा जा सके।
प्रदर्शन में सुरेश गवन्नवर समेत करवे के बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद थे।

