बेंगलुरु: कर्नाटक में वोटर लिस्ट की स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया के बाद जारी की गई फाइनल वोटर लिस्ट से 99.32 लाख वोटर्स के नाम हटा दिए गए हैं। इसके साथ ही राज्य में कुल वोटर्स की तादाद 5.54 करोड़ से घटकर 4.55 करोड़ रह गई है।

मंगलवार को फाइनल वोटर लिस्ट जारी की गई। इस लिस्ट में मर्दों के मुकाबले खवातीन वोटर्स की तादाद ज्यादा है। राज्य में 2.29 करोड़ खवातीन और 2.25 करोड़ मर्द वोटर्स दर्ज हैं।

कर्नाटक में 30 जून को SIR का अमल शुरू हुआ था। इस दौरान बूथ लेवल ऑफिसर्स (BLOs) ने घर-घर जाकर वोटर्स की तस्दीक की थी। तस्दीक के बाद गैरहाजिर, दूसरी जगह मुंतकिल हो चुके, इंतकाल कर चुके और फर्जी वोटर्स को ASDD कैटेगरी के तहत चिह्नित किया गया था। इन कैटेगरी में एक करोड़ से ज्यादा वोटर्स की निशानदेही की गई थी।

इसके अलावा, वोटर एन्यूमरेशन फॉर्म में पाई गई तार्किक गड़बड़ियों का हवाला देते हुए कुल 43.82 लाख नोटिस जारी किए गए हैं।

वहीं, नए वोटर्स के नाम वोटर लिस्ट में शामिल करने के लिए इलेक्शन कमीशन को अब तक 10.42 लाख फॉर्म-6 आवेदन मिल चुके हैं।