बेलगावी: एआईसीसी के महासचिव सचिन सावंत ने राम मंदिर ट्रस्ट और भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि “राम नाम जपना, पराया माल अपना” की तरह श्रीराम के नाम पर लूट करने वालों को एक न एक दिन ज़रूर सज़ा मिलेगी।

बेलगावी के कांग्रेस भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा कि आरएसएस हर बार किसी घोटाले या गलती के सामने आने पर उससे बचने की कोशिश करता है। उनका आरोप था कि राम मंदिर ट्रस्ट को आरटीआई के दायरे से बाहर रखकर, ठीक पीएम केयर्स फंड की तरह, उसमें किसी तरह की पारदर्शिता नहीं रखी गई है और जनता के पैसे की लूट को छिपाया जा रहा है।

सावंत ने फिल्म ‘नमक हलाल’ के मशहूर गीत “राम नाम जपना, पराया माल अपना” का हवाला देते हुए कहा कि कुछ लोग श्रीराम के नाम पर राजनीति कर रहे हैं, लूट में शामिल हैं और आरोपियों को बचा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि ये लोग असली नहीं बल्कि नकली हिंदू हैं, जो हिंदू धर्म और भगवान श्रीराम का अपमान कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इनकी लूट अब जनता के सामने आ चुकी है और इन्हें जनता की अदालत और भगवान श्रीराम की अदालत, दोनों जगह सज़ा मिलेगी।

सचिन सावंत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि राम मंदिर निर्माण का पूरा श्रेय अकेले लेने की कोशिश की जा रही है, जबकि मंदिर का निर्माण देश के सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद संभव हुआ, किसी एक व्यक्ति की वजह से नहीं।

उन्होंने आरोप लगाया कि भूमि पूजन, उद्घाटन और प्राण प्रतिष्ठा जैसे कार्यक्रमों में प्रधानमंत्री मोदी ने खुद प्रमुख भूमिका निभाई, लेकिन हिंदू धर्म के चारों शंकराचार्यों को आमंत्रित नहीं किया, जिससे उनका अपमान हुआ।

सावंत ने कहा कि श्रीराम के नाम पर राजनीतिक फायदा उठाने की कोशिश करने वाले भाजपा नेता नकली हिंदू हैं। वे हिंदू धर्म के रक्षक नहीं, बल्कि उसके विरोधी हैं।

इस मौके पर उत्तर विधानसभा क्षेत्र के विधायक आसिफ सेठ सहित कांग्रेस के कई नेता और कार्यकर्ता मौजूद थे.