बेलगावी दक्षिण विधानसभा क्षेत्र के भाजपा विधायक अभय पाटील के खिलाफ भ्रष्टाचार और आय से अधिक संपत्ति (डी.ए.) के मामले को लेकर उनके इस्तीफे की मांग तेज हो गई है। बुधवार को बेलगावी के कन्नड़ साहित्य भवन में शहर के निवासियों ने विधायक अभय पाटील के तत्काल इस्तीफे की मांग को लेकर धरना सत्याग्रह किया।

इस अवसर पर सामाजिक कार्यकर्ता सुजीत मुळगुंद ने कहा कि वाल्मीकि निगम में भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर मंत्री नागेंद्र के इस्तीफे की मांग करने वाले विधायक अभय पाटील को भ्रष्टाचार के खिलाफ बोलने का नैतिक अधिकार नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले करीब 10 वर्षों से अभय पाटील के खिलाफ अवैध संपत्ति अर्जित करने और भ्रष्टाचार से जुड़े मामले लोकायुक्त तथा न्यायालय में लंबित हैं।

उन्होंने कहा कि भाजपा नेताओं को मंत्री नागेंद्र का इस्तीफा मांगने से पहले भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना कर रहे विधायक अभय पाटील का इस्तीफा लेना चाहिए और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग करनी चाहिए। साथ ही उन्होंने अभय पाटील को भाजपा से निष्कासित करने की भी मांग की। सुजीत मुळगुंद ने कहा कि जल्द ही बेलगावी दक्षिण विधानसभा क्षेत्र से पदयात्रा आंदोलन शुरू किया जाएगा।

राजकुमार टोपण्णवर ने कहा कि भाजपा नेताओं द्वारा राज्यभर में कांग्रेस मंत्री नागेंद्र के इस्तीफे की मांग को लेकर आंदोलन करना नैतिकता के खिलाफ है। उन्होंने सवाल उठाया कि भाजपा खुद को अनुशासित पार्टी बताती है, लेकिन अब उसे खनन और भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना कर रहे विधायक अभय पाटील का इस्तीफा लेने के लिए भी आगे आना चाहिए।

उन्होंने कहा कि विधायक अभय पाटील द्वारा मंत्री नागेंद्र पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाकर भाषण देना हास्यास्पद है। उन्होंने भाजपा को चुनौती देते हुए कहा कि पहले अभय पाटील का इस्तीफा लिया जाए और उसके बाद दूसरे दलों के नेताओं के इस्तीफे की मांग को लेकर आंदोलन किया जाए।

धरने के दौरान अनिल उपरी, युवराज तळवार, सद्दाम तहसीलदार, सिद्धार्थ चौहान, सचिन तळवार, सलीम सनदी, आनंद पुजारी, बलराम संगोली, आसिफ मुल्ला, आशीष पाटील सहित अन्य लोग उपस्थित थे।