मुख्यमंत्री सिद्धारमैया का स्पष्ट ऐलान — नफ़रत भरे भाषण देने वालों पर होगी सख़्त कार्रवाई
एफ़आईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी

कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कहा है कि जो कोई भी समाज में नफ़रत, वैमनस्य या अशांति फैलाने की कोशिश करेगा, उसके खिलाफ सख़्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि नफ़रत या भड़काऊ बयान देने वालों पर एफ़आईआर दर्ज की जाएगी।

सिद्धारमैया मंगलुरु हवाई अड्डे पर मीडिया से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कलडका प्रभाकर भट्ट के हालिया बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनकी भाषण में महिलाओं के खिलाफ अशोभनीय शब्दों का प्रयोग किया गया है, जो अस्वीकार्य है। उन्होंने कहा, “ऐसे बयान सामाजिक सद्भाव के लिए ख़तरा हैं, और कानून के तहत उनके खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा।”

धर्मस्थला मामले की जांच से जुड़े एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार एसआईटी (विशेष जांच दल) के काम में हस्तक्षेप नहीं करेगी।

उन्होंने बताया कि गृह विभाग की जानकारी के अनुसार एसआईटी इस माह के अंत तक अपनी रिपोर्ट पेश करेगी।

पत्रकारों के लिए परिवहन सुविधा से संबंधित प्रश्न पर सिद्धारमैया ने कहा, “मीडिया प्रतिनिधियों की सुविधा के लिए सूचना विभाग को वाहन उपलब्ध कराने पर विचार किया जा रहा है।”

मुख्यमंत्री बदलने से जुड़े कुछ मंत्रियों के बयानों पर टिप्पणी करते हुए सिद्धारमैया ने कहा, “लोकतंत्र में हर व्यक्ति को मुख्यमंत्री बनने का अधिकार है, लेकिन अंतिम निर्णय हाईकमान का होता है। मैं मुख्यमंत्री के रूप में काम जारी रखूँ या नहीं, इसका फैसला भी पार्टी हाईकमान ही करेगा।”