बेलगावी सामूहिक दुष्कर्म मामला: पोक्सो अदालत का ऐतिहासिक फैसला, दो दोषियों को उम्रकैद
बेलगावी: कर्नाटक के बेलगावी स्थित जिला पोक्सो (POCSO) न्यायालय ने एक नाबालिग लड़की के साथ हुए सामूहिक दुष्कर्म के मामले में शनिवार को कड़ा रुख अपनाते हुए ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। अदालत ने इस जघन्य अपराध के दो मुख्य दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है, जबकि दो अन्य दोषियों को 20 साल के सश्रम कारावास की सजा दी गई है।
क्या था मामला?
यह घटना पिछले साल मई महीने की है। बेलगावी शहर से एक नाबालिग लड़की को बहला-फुसलाकर अगवा किया गया था। आरोपी उसे शहर के बाहरी इलाके में स्थित एक फार्महाउस पर ले गए, जहाँ उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म की चौंकाने वाली घटना को अंजाम दिया गया।
जांच और गिरफ्तारियां
मार्केट पुलिस स्टेशन में दर्ज इस मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्कालीन निरीक्षक धामण्णवर ने गहन जांच की और अदालत में दोषारोपपत्र (चार्जशीट) दाखिल किया था। जांच के दौरान कई गंभीर खुलासे हुए थे:
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इस अपराध के सिलसिले में मार्केट पुलिस ने कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया था।
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आरोपियों में एक पुलिस अधिकारी का बेटा और दो फार्महाउस मालिक भी शामिल थे।
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कुल आरोपियों में से दो नाबालिग (अल्पवयीन) थे, जिनके खिलाफ अलग से कानूनी प्रक्रिया चल रही है।
न्यायालय का कड़ा फैसला
चार मुख्य आरोपियों के खिलाफ पोक्सो अदालत में मुकदमा चला, जिसके बाद आज न्यायालय ने सजा का ऐलान किया:
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दो मुख्य आरोपी: आजीवन कारावास (उम्रकैद)।
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दो अन्य सहयोगी: 20 साल की कठोर जेल की सजा।
विशेष नोट: इस मामले में फार्महाउस मालिकों की सजा की घोषणा होना अभी बाकी है। समयबद्ध जांच और ठोस साक्ष्यों के कारण कोर्ट ने इसे न्याय की जीत बताया है।







