नई दिल्ली: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को संसद में वर्ष 2026-27 का केंद्रीय बजट पेश किया। बजट में रेलवे, रक्षा, कृषि, एमएसएमई, स्वास्थ्य सेवाओं और बुनियादी ढांचे के लिए प्रमुख आवंटनों की घोषणा की गई है। इसके साथ ही आयकर प्रावधानों में भी महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं।
बजट में परिवहन क्षेत्र को सर्वाधिक 5,98,520 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। रक्षा क्षेत्र को 5,94,585 करोड़ रुपये मिलेंगे, जिससे यह आवंटन के मामले में दूसरे स्थान पर है। ग्रामीण विकास क्षेत्र को 2,73,108 करोड़ रुपये के साथ तीसरा स्थान मिला है, जबकि गृह मंत्रालय को 2,55,234 करोड़ रुपये का आवंटन कर चौथा स्थान दिया गया है। कृषि एवं संबद्ध गतिविधियों के लिए 1,62,671 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं।
शिक्षा क्षेत्र को 1,39,289 करोड़ रुपये, ऊर्जा क्षेत्र को 1,09,029 करोड़ रुपये और स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र को 1,04,599 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। ये सभी क्षेत्र एक लाख करोड़ रुपये से अधिक की राशि प्राप्त करेंगे।
इसके अलावा, शहरी विकास (85,522 करोड़ रुपये), आईटी एवं दूरसंचार (74,560 करोड़ रुपये) तथा वाणिज्य एवं उद्योग क्षेत्र (76,296 करोड़ रुपये) भी अधिक आवंटन पाने वाले प्रमुख क्षेत्रों में शामिल हैं। सामाजिक कल्याण क्षेत्र को 62,362 करोड़ रुपये, वैज्ञानिक विभाग को 55,756 करोड़ रुपये, कर प्रशासन को 45,500 करोड़ रुपये, विदेश मंत्रालय को 22,119 करोड़ रुपये और वित्तीय क्षेत्र को 20,649 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। पूर्वोत्तर विकास के लिए 6,812 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं।







