एलपीजी सिलेंडर की कीमत में इज़ाफ़ा, अवाम की फ़िक्र बढ़ी
घरेलू गैस सिलेंडर 955 रुपये तक पहुंचा, महंगाई पर काबू पाने की मांग
मुल्क में बढ़ती महंगाई के बीच घरेलू इस्तेमाल के एलपीजी सिलेंडर की कीमत में एक बार फिर इज़ाफ़ा हुआ है। इसके बाद स्रीनिवासपुर में 14.2 किलो वाले घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत 955 रुपये तक पहुंच गई है। कीमतों में इस बढ़ोतरी से अवाम, खासकर मिडिल क्लास और कम आमदनी वाले तबकों में फ़िक्र बढ़ गई है।
पिछले कुछ वर्षों में पेट्रोल, डीज़ल, रसोई गैस, खाद्य पदार्थों और दूसरी ज़रूरी चीज़ों की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी हुई है, जिससे घरेलू बजट पर दबाव बढ़ता जा रहा है। लोगों का कहना है कि महंगाई ने रोज़मर्रा की ज़िंदगी को और मुश्किल बना दिया है तथा घर का खर्च चलाना दिन-ब-दिन कठिन होता जा रहा है।
इस सिलसिले में स्रीनिवासपुर कस्बा रेशम काश्तकार एवं किसान सेवा सहकारी संघ के उपाध्यक्ष और अल्पसंख्यक नेता शब्बीर अहमद ने कहा कि गैस सिलेंडर की कीमत में ताज़ा बढ़ोतरी आम नागरिकों, मज़दूरों, किसानों और मिडिल क्लास के लिए अतिरिक्त बोझ साबित होगी।
उन्होंने कहा कि महंगाई की वजह से लोग पहले ही आर्थिक दबाव का सामना कर रहे हैं। पेट्रोल, डीज़ल, गैस सिलेंडर, खाद, बीज और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में लगातार वृद्धि से घरेलू खर्च में काफी बढ़ोतरी हुई है। उनके मुताबिक, यह स्थिति किसानों और आम जनता दोनों के लिए चिंता का विषय है।
शब्बीर अहमद ने कहा कि कृषि क्षेत्र भी इस महंगाई से बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। खाद, कीटनाशक दवाइयों, डीज़ल और अन्य कृषि सामग्री की कीमतें बढ़ने से खेती की लागत में इज़ाफ़ा हुआ है, जबकि कई जगहों पर किसानों को अपनी उपज का उचित मूल्य भी नहीं मिल रहा।
उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि महंगाई पर काबू पाने और जनता की परेशानियां कम करने के लिए प्रभावी और तत्काल कदम उठाए जाएं, ताकि आम नागरिकों और किसानों को राहत मिल सके।
अवामी हलकों का भी कहना है कि बढ़ती कीमतों ने घरेलू अर्थव्यवस्था को प्रभावित किया है और ज़रूरी सामान की खरीदारी दिन-ब-दिन मुश्किल होती जा रही है। लोगों ने सरकार से कीमतों को स्थिर करने और राहत प्रदान करने के लिए ठोस कदम उठाने की अपील की है।
गौरतलब है कि एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में यह बढ़ोतरी ऐसे समय में हुई है, जब मुल्क के विभिन्न हिस्सों में महंगाई और बढ़ती जीवन-यापन लागत को लेकर पहले से ही चिंता का माहौल बना हुआ है।

